चांदी में ऐतिहासिक गिरावट: जोखिम और अवसर विश्लेषण पिछले कुछ हफ्तों में चांदी (Silver) की कीमतों को लेकर वैश्विक और भारतीय निवेश बाजार में तीव्र चर्चा देखी गई है। वर्ष 2026 की शुरुआत 2025 की शानदार तेजी की निरंतरता के साथ हुई, जिसने निवेशकों में अत्यधिक आशावाद (Optimism) पैदा किया। लेकिन इसके तुरंत बाद जो हुआ, उसने बाजार की वास्तविक प्रकृति को उजागर कर दिया—चांदी की कीमतों में लगभग 40% की ऐतिहासिक गिरावट केवल एक सप्ताह के भीतर दर्ज की गई। एक निवेश विशेषज्ञ के रूप में मैं यह स्पष्ट रूप से कह सकता हूँ कि ऐसी तीव्र गिरावट केवल मूल्य में बदलाव नहीं होती, बल्कि यह बाजार संरचना, निवेशक मनोविज्ञान और जोखिम प्रबंधन की गंभीर परीक्षा होती है। विशेष रूप से वे निवेशक जिन्होंने लीवरेज (Leverage) के साथ लंबी पोजीशन (Long Position) ली थी, उन्हें भारी नुकसान का सामना करना पड़ा। 2025 की तेजी से 2026 की गिरावट तक: क्या हुआ? 2025 में चांदी ने असाधारण प्रदर्शन किया। मुख्य कारण थे: औद्योगिक मांग में वृद्धि ग्रीन एनर्जी सेक्टर की तेजी इलेक्ट्रिक वाहन और सोलर उद्योग की मांग निवेशकों का ...
भारत में सोने का रुझान 2026: निवेश दृष्टि गाइड फरवरी 2026 में भारतीय बुलियन बाजार एक अत्यंत महत्वपूर्ण मोड़ पर खड़ा है। एक निवेश विशेषज्ञ के रूप में मैं स्पष्ट रूप से कह सकता हूँ कि वर्तमान समय में सोना केवल आभूषण या पारंपरिक बचत का माध्यम नहीं रहा, बल्कि यह वैश्विक आर्थिक अनिश्चितता के बीच एक रणनीतिक एसेट क्लास के रूप में उभर रहा है। हाल के महीनों में 24 कैरेट सोना लगातार ₹1.5 लाख प्रति 10 ग्राम से ऊपर और 22 कैरेट सोना लगभग ₹1.4 लाख प्रति 10 ग्राम के आसपास ट्रेड करता हुआ देखा जा रहा है। यह केवल मूल्य वृद्धि नहीं, बल्कि वैश्विक और घरेलू आर्थिक संरचना में गहरे बदलाव का संकेत है। नवशिक्षु निवेशकों के लिए यह समझना अत्यंत आवश्यक है कि यह तेजी क्यों हो रही है, इसके पीछे कौन से कारक हैं, और आगे की रणनीति क्या होनी चाहिए। 2026 में सोने की कीमतों में ऐतिहासिक उछाल: इसका वास्तविक अर्थ जब सोना नए उच्च स्तर (All-Time High) पर ट्रेड करता है, तो अधिकांश निवेशक भावनात्मक निर्णय लेने लगते हैं—या तो अत्यधिक खरीदारी या पूरी तरह दूरी। लेकिन एक पेशेवर निवेश दृष्टिकोण यह कहता है कि कीमत से अधिक...